: TET की मान्यता में बड़ा बदलाव 7 साल की बजाय ताउम्र होगी, शिक्षा मंत्रालय ने जारी किया आदेश।
Thu, Jun 3, 2021
शिक्षक बनने के इच्छुक यौनगस्टर्स के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। केंद्र सरकार ने शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) के योग्यता प्रमाणपत्र की अवधि को सात के बजाय बढ़ाकर ताउम्र कर दिया है। शिक्षा मंत्रालय ने आज आदेश जारी किया है। अब एक बार TET पास करने पर यह जीवन भर के लिए मान्य रहेगा। शिक्षा मंत्रालय के इस फैसले से शिक्षक की नौकरी का सपना देखने वाले लाखों युवाओं को फायदा होगा।
शिक्षा मंत्रालय
ने यह भी कहा है कि जिन उम्मीदवारों या छात्रों के प्रमाणपत्र की सात वर्ष की अवधि पूरी हो गई है, उनके बारे में संबंधित राज्य सरकार या केंद्र शासित प्रशासन टीईटी की वैधता अवधि के पुनर्निधारण करने या नया टीईटी प्रमाणपत्र जारी करने के लिये जरूरी कदम उठायेंगे । यह व्यवस्था 2011 से प्रभावी होगी।
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आपको बता दें कि स्कूलों में शिक्षक के रूप में नियुक्ति के लिये किसी व्यक्ति की पात्रता के संबंध में शिक्षक पात्रता परीक्षा का योग्यता प्रमाणपत्र एक जरूरी पात्रता है। अब शिक्षक बनने के लिए युवाओं को हर सात साल में शिक्षक अर्हता परीक्षा (टीईटी) पास करने की जरूरत नहीं होगी। यह व्यवस्था पूरे देश भर में लागू होगी। आपको बता दें कि टीईटी पास का सर्टिफिकेट अभी तक सिर्फ सात साल के लिए मान्य होता था।
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भारत मे मानसून की दस्तक,जानिए इस बार भारत में कैसा रहेगा मानसून
: भारत मे मानसून की दस्तक,जानिए इस बार भारत में कैसा रहेगा मानसून
Thu, Jun 3, 2021
भारत में लोग इस समय तपती गर्मी से झूझ रहें हैं और मानसून(monsoon) का बेसब्री से इंतज़ार कर रहे हैं ऐसे में भारत के लोगों के लिए एक अच्छी खबर है।भारत मे मानसून की दस्तक दे दी।इसकी शुरुआत दक्षिण भारत(South India) से हुई।
दरअसल मानसून ने केरल(Kerala) में दस्तक दे दी है और इसके साथ ही भारत मे मानसून का आगमन हो गया है।मौसम विभाग(IMD) के मुताबिक केरल के दक्षिण हिस्सों में दक्षिण पश्चिमी मानसून सक्रिय हो चुका है।
आपको बताते चलें कि पिछले 4-5 दिनों से केरल में प्री मानसून(pre-monsoon) बारिश हो रही है।भारत के अन्य दक्षिण राज्यों में भी हल्की हल्की बारिश हो रही है जो कि मानसून आने का संकेत है।मौसम विभाग के मुताबिक सबसे पहले 21 मई को मानसून ने
अंडमान(Andman)
में दस्तक दी थी।
कैसा रहेगा इस साल भारत मे मानसून?
मौसम विभाग के मुताबिक इस बार मानसून अच्छा रहेगा।वैसे इस साल मानसून ने भारत मे सामान्य से दो दिन देर से दस्तक दी,हालांकि इस बार भारत मे मानसून सामान्य से कहि ज्यादा अच्छा रहेगा।
मौसम विभाग का मानना है कि इस साल अल-नीनो(Al-Nino) कमजोर रहेगी जिससे कि मानसून अच्छा होने की संभावना बढ़ जाती है।इस तरह का मौसम और मानसून सबसे ज्यादा खेती और फसलों के लिए फायदेमंद होता है।
मौसम विभाग के अनुमान से देखे तो सबसे अधिक वर्षा मध्य भारत मे होने की संभावना हैं तो वही सबसे कम वर्षा उत्तर-पूर्व भारत मे देखने को मिल सकती है।उत्तर-पश्चिम में सामान्य वर्षा होने की संभावना जताई गई है।
क्या है अच्छे मानसून के मापदंड?
यदि किसी क्षेत्र में 96 फीसदी से लेके 104 फीसदी तक वर्षा होती है तो उसे सामान्य मानसून कहा जाता है।मौसम विभाग ने इस बार भारत मे 101 फीसदी बारिश होने की संभावना जताई है तो वही एक निजी एजेंसी के मुताबिक भारत मे इस वर्ष 103 फीसदी वर्षा होगी जो कि एक अच्छी बात है।
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: 5G को लेके कोर्ट पहुंची जूही चावला,जाने क्या है पूरा मामला
Wed, Jun 2, 2021
5G को लेके देश मे कई विवाद खड़े हो चुके और कई लोगों में 5G को लेके कई सारे सवाल व असमंजस की स्तिथि है।कई बार इसको लेके अफवाह भी फैलाई गयीं है और कोरोना के समय मे लोगो केमन 5G को लेके डर का माहौल है।ऐसे में 5G को लेके एक और विवाद खड़ा हो गया है।
दरअसल, अभिनेत्री जूही चावला 5G को लेके कोर्ट पहुँच गयी हैं और एक नए विवाद को जन्म दे दिया।जूही चावला ने दिल्ली हाइकोर्ट में 5G के खिलाफ याचिका दर्ज की गई है।याचिका में देश के नागरिकों पर 5G ट्रायल(trial) के भूरे प्रभाव के बारे में अदालत को अवगत कराया गया है अथवा पूरी जांच के बाद ही इसके ट्रायल को आगे बढ़ने के लिए कहा गया है।
क्या है पूरा मामला?
जैसे कि हमने आपको पहले बताया 5G को लेके देश मे कई बार विवाद खड़े हो चुकें है और इसका प्रमुख कारण है 5G से होने वाला
रेडिएशन
(radiation)।दरअसल लोग मानते हैं कि 5G से काफी मात्रा में रेडिएशन निकलता है जो कि न केवल पशु-पक्षियों बल्कि मनुष्यों के लिए भी खतरनाक है।
लोगो का तो ये भी मानना है कि 5G से बच्चों के मस्तिष्क नमे गहरा असर पड़ता है व वृद्धों के लिए ये किसी श्राप से कम नही।अब ये सभी बातें या तो अफवाह के रूप में फैलाई गयीं है या फिर लोगो की अपनी निजि सोंच है।अभी तक विश्व के किसी भी वैज्ञानिक ने इनमे से किसी भी बात की पुष्टि नही की।
इसी प्रकार जूही चावला का भी मानना है कि हमें नई टेक्नोलॉजी(technology) को जरूर अपनाना चाहिए पर जन-जीवन को हानि पहुंचा कर नही।उनका पक्ष ये है कि 5G को लागू या उसके ट्रायल को मंजूरी देने से पहले इस बात पर गहराई से अध्यन व शोध होना चाहिए कि 5G से किसी भी प्रकार से मानव जाति,पशु-पक्षियों,वनस्पतियों और पर्यावरण को किसी भी प्रकार से हानि या नुकसान न हो।
भारत मे क्या हैं 5 कि स्तिथि?
जहां कई देशों में 5G सेवा शुरू भी हो गयी है भारत मे इसे पूरी तरह से शुरू होने में 2-3 साल लग सकते हैं।भारत मे 5G अभी बहुत शुरुआती प्रक्रिया में हैं और अभी कुछ सप्ताह पहले ही इसके ट्रायल को मंजूरी दी गयी।अभी इसके ट्रायल शुरू होने में थोड़ा समय है।हालांकि कंपनियों ने अपनी तरफ से 5G को लेके पूरी तैयारी कर ली हैं।
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